अयोध्या। रामनगरी अयोध्या में धार्मिक आस्था को आधार बनाकर कथित ठगी का एक गंभीर मामला सामने आया है। महाराष्ट्र के पुणे की रहने वाली एक महिला ने आरोप लगाया है कि हनुमानगढ़ी के नाम पर तंत्र-मंत्र, पूजा-पाठ और विशेष धार्मिक अनुष्ठान कराने का भरोसा देकर उससे करीब 2 करोड़ रुपये नकद और लगभग 80 लाख रुपये के आभूषण ले लिए गए। मामले में महिला की शिकायत पर रामजन्मभूमि थाना पुलिस ने एक कथित बाबा समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस को दी गई तहरीर में पुणे निवासी लक्ष्मी कामा ने आरोप लगाया कि विवेकानंद महाराज नाम के कथित बाबा ने उसे ग्रह-नक्षत्रों की स्थिति, तंत्र-मंत्र और जीवन की परेशानियां दूर करने की बातों के जरिए अपने प्रभाव में लिया। महिला का कहना है कि उसे हनुमान जी की विशेष कृपा प्राप्त कराने और धार्मिक अनुष्ठानों के जरिए संकट दूर करने का भरोसा दिलाया गया।
आरोप है कि इसी विश्वास के बाद अलग-अलग मौकों पर महिला से बड़ी रकम और कीमती आभूषण लिए गए। शिकायतकर्ता के मुताबिक, उसने करीब दो करोड़ रुपये नकद दिए, जबकि लगभग 80 लाख रुपये के जेवरात भी सौंपे। इनमें चांदी से बना हनुमान जी का मुकुट भी शामिल बताया गया है, जिसे महिला ने मंदिर के लिए देने की बात कही है।
महिला की शिकायत के आधार पर रामजन्मभूमि थाना पुलिस ने विवेकानंद महाराज, उसके कथित चेले सूरज और चालक रत्नाकर के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस अब शिकायत में लगाए गए आरोपों की पुष्टि के लिए रकम के लेनदेन, आभूषणों और आरोपितों से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच कर रही है।
पुलिस इस पहलू की भी पड़ताल कर रही है कि कहीं धार्मिक अनुष्ठान, तंत्र-मंत्र या पूजा-पाठ का भरोसा देकर अन्य लोगों से भी इसी तरह रकम तो नहीं ली गई। फिलहाल पुलिस की जांच जारी है और आरोपों की वास्तविकता सामने आने के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।

